समस्तीपुर: सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में सुरक्षित प्रसव को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एलडीआर (लेबर डिलेवरी एंड रिकवरी) बेड उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है। सदर अस्पताल के प्रसव कक्ष में तीन फीट ऊंचे नॉर्मल बेड पर महिलाओं का प्रसव कराया जाता है।
नॉर्मल बेड व गंदी चादर के कारण प्रसव के दौरान प्रसूता और नवजात के संक्रमित होने का खतरा बना रहता है। एलडीआर बेड कवर युक्त रहने से संक्रमण का खतरा नहीं रहेगा।
लक्ष्य कार्यक्रम के तहत स्वास्थ्य संस्थानों के प्रसव कक्ष को सुदृढ़ किया जा रहा है। जिले में कुल छह स्वास्थ्य संस्थानों में 20 बेड की आपूर्ति की जाएगी।
यह बेड रिमोट से संचालित होगा, जो प्रसव के लिए डिजाइन किया गया है। राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक ने बिहार चिकित्सा सेवाएं एवं आधारभूत संरचना निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक को पत्र लिखकर अस्पतालों में आपूर्ति कराने के साथ ही इंस्टाल कराने का निर्देश दिया है।

महिलाओं को प्रसव के दौरान होने वाली असुविधा का रखा जाएगा ख्याल:
सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. गिरीश कुमार ने बताया कि एलडीआर टेबल गर्भवती महिलाओं को प्रसव के दौरान होने वाली असुविधा को ध्यान में रख कर डिजाइन किया गया है।
ताकि प्रसव के दौरान महिलाओं को ज्यादा परेशानी नहीं हो। रिमोट द्वारा संचालित एलडीआर टेबुल पैडेड है। जिसे प्रसव पीड़िता की जरूरत के अनुसार बेड को ऊपर नीचे किया जा सकता है।
प्रसव पीड़िता की जरूरत के अनुसार स्टाफ नर्स रिमोट से बेड को हेडरेस्ट, लेग रेस्ट के मोड में कर सकेंगी। प्रसव के समय महिला को जरूरत के हिसाब से हेडरेस्ट या लेग रेस्ट के अनुरूप बेड को ऊपर नीचे किया जा सकेगा, जो रिमोट से आटोमेटिक संचालित होगा।
सुरक्षित प्रसव के पश्चात पूरी तरह प्रसूता के रिकवर हो जाने के बाद ही प्रसव पीड़िता को एलडीआर बेड से हटा कर वार्ड में शिफ्ट किया जाएगा।
सदर अस्पताल में लेबर डिलेवरी एंड रिकवरी बेड जिले का पहला टेबल है। अब तक यह सुविधा सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध नहीं कराई गई थी।
इन अस्पतालों में लगेंगे बेड:
सदर अस्पताल के प्रसव कक्ष में पांच एलडीआर बेड लगाए जाएंगे। इसके अलावा अनुमंडलीय अस्पताल दलसिंहसराय में चार बेड, अनुमंडलीय अस्पताल पटोरी में चार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिथान में चार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र उजियारपुर में तीन, रेफरल अस्पताल ताजपुर में तीन, अनुमंडलीय अस्पताल पूसा में दो, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खानपुर में दो, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहनपुर में दो, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोरवा में एक, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंघिया में एक, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शिवाजीनगर में एक बेड लगाए जाएंगे।